पंचांग के पाँच अंग
तिथिद्वितीया · 9:13 am तक
तृतीया · 6:33 am (रवि) तक
नक्षत्ररोहिणी · 7:23 pm तक
मृगशिरा · 5:29 pm (रवि) तक
योगअतिगण्ड · 12:07 am (रवि) तक
सुकर्मा · 8:50 pm (रवि) तक
करणकौलव · 9:13 am तक
तैतिल · 7:53 pm तक
गर · 6:33 am (रवि) तक
वारशनिवार
आज के सभी समय
ब्रह्म मुहूर्त3:27 am – 4:10 am
प्रातः सन्ध्या3:48 am – 4:53 am
गुलिक काल4:53 am – 6:32 am
दुर्मुहूर्त4:53 am – 5:46 am
विडाल योग4:53 am – 7:23 pm
दुर्मुहूर्त5:46 am – 6:39 am
राहु काल8:11 am – 9:51 am
अभिजित मुहूर्त11:04 am – 11:57 am
वर्ज्य11:59 am – 1:28 pm
यमगण्ड1:09 pm – 2:49 pm
विजय मुहूर्त1:42 pm – 2:35 pm
अमृत काल4:25 pm – 5:54 pm
गोधूलि मुहूर्त6:07 pm – 6:29 pm
सायाह्न सन्ध्या6:07 pm – 7:12 pm
निशिता मुहूर्त11:08 pm – 11:51 pm
वर्ज्य12:32 am – 2:01 am (रवि)
आज और
चन्द्राष्टमतुला
चन्द्र बलचन्द्र वृषभ में — शुभ: वृषभ, कर्क, सिंह, वृश्चिक, धनु, मीन
तारा बलचन्द्र रोहिणी में, 7:23 pm तक — शुभ: अश्विनी, कृत्तिका, मृगशिरा, आर्द्रा, पुष्य, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, चित्रा, स्वाती, अनुराधा, मूल, उत्तराषाढ़ा, धनिष्ठा, शतभिषा, उत्तरा भाद्रपद
चन्द्र मृगशिरा में, 7:23 pm से — शुभ: भरणी, रोहिणी, आर्द्रा, पुनर्वसु, आश्लेषा, पूर्वा फाल्गुनी, हस्त, स्वाती, विशाखा, ज्येष्ठा, पूर्वाषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, पूर्वा भाद्रपद, रेवती
दिशा शूलपूर्व, उपाय दही
पक्षशुक्ल पक्ष
चान्द्र मासवैशाख
तमिल तिथिचित्तिरै 25, प्लवंग
संवत्सरशक 1949 · विक्रम 2084