पंचांग के पाँच अंग
तिथिद्वादशी · 10:12 pm तक
त्रयोदशी · 8:38 pm (रवि) तक
नक्षत्रपूर्वा फाल्गुनी · 8:36 pm तक
उत्तरा फाल्गुनी · 7:45 pm (रवि) तक
योगवृद्धि · 2:54 pm तक
ध्रुव · 12:28 pm (रवि) तक
करणबव · 11:04 am तक
बालव · 10:12 pm तक
कौलव · 9:24 am (रवि) तक
वारशनिवार
आज के सभी समय
ब्रह्म मुहूर्त4:49 am – 5:31 am
प्रातः सन्ध्या5:10 am – 6:14 am
गुलिक काल6:14 am – 7:54 am
दुर्मुहूर्त6:14 am – 7:08 am
दुर्मुहूर्त7:08 am – 8:01 am
राहु काल9:35 am – 11:15 am
अभिजित मुहूर्त12:29 pm – 1:22 pm
अमृत काल2:28 pm – 4:00 pm
यमगण्ड2:36 pm – 4:16 pm
विजय मुहूर्त3:09 pm – 4:03 pm
गोधूलि मुहूर्त7:37 pm – 7:58 pm
सायाह्न सन्ध्या7:37 pm – 8:40 pm
निशिता मुहूर्त12:34 am – 1:16 am (रवि)
वर्ज्य3:32 am – 5:05 am (रवि)
आज और
चन्द्राष्टममकर, 2:22 am (रवि) तक
कुम्भ
चन्द्र बलचन्द्र सिंह में, 2:22 am (रवि) तक — शुभ: मिथुन, सिंह, तुला, वृश्चिक, कुम्भ, मीन
चन्द्र कन्या में, 2:22 am (रवि) से — शुभ: मेष, कर्क, कन्या, वृश्चिक, धनु, मीन
तारा बलचन्द्र पूर्वा फाल्गुनी में, 8:36 pm तक — शुभ: अश्विनी, कृत्तिका, रोहिणी, आर्द्रा, पुष्य, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, स्वाती, अनुराधा, मूल, उत्तराषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तरा भाद्रपद
चन्द्र उत्तरा फाल्गुनी में, 8:36 pm से — शुभ: भरणी, रोहिणी, मृगशिरा, पुनर्वसु, आश्लेषा, पूर्वा फाल्गुनी, हस्त, चित्रा, विशाखा, ज्येष्ठा, पूर्वाषाढ़ा, श्रवण, धनिष्ठा, पूर्वा भाद्रपद, रेवती
दिशा शूलपूर्व, उपाय दही
पक्षशुक्ल पक्ष
चान्द्र मासचैत्र
तमिल तिथिचित्तिरै 4, प्लवंग
संवत्सरशक 1949 · विक्रम 2084