पंचांग के पाँच अंग
तिथिपूर्णिमा · 3:32 pm तक
प्रतिपदा · 12:30 pm (रवि) तक
नक्षत्रआर्द्रा · 5:27 pm तक
पुनर्वसु · 3:11 pm (रवि) तक
योगब्रह्म · 9:05 am तक
इन्द्र · 5:15 am (रवि) तक
वैधृति · 1:47 am (रवि) तक
करणबव · 3:32 pm तक
बालव · 1:58 am (रवि) तक
कौलव · 12:30 pm (रवि) तक
वारशनिवार
आज के सभी समय
ब्रह्म मुहूर्त4:57 am – 5:47 am
प्रातः सन्ध्या5:22 am – 6:37 am
गुलिक काल6:37 am – 8:03 am
दुर्मुहूर्त6:37 am – 7:23 am
दुर्मुहूर्त7:23 am – 8:09 am
अमृत काल8:33 am – 9:58 am
राहु काल9:29 am – 10:55 am
अभिजित मुहूर्त11:58 am – 12:44 pm
यमगण्ड1:47 pm – 3:13 pm
विजय मुहूर्त2:16 pm – 3:02 pm
आडल योग5:27 pm – 6:38 am (रवि)
गोधूलि मुहूर्त6:05 pm – 6:30 pm
सायाह्न सन्ध्या6:05 pm – 7:20 pm
निशिता मुहूर्त11:56 pm – 12:47 am (रवि)
वर्ज्य4:19 am – 5:46 am (रवि)
आज और
चन्द्राष्टमवृश्चिक
चन्द्र बलचन्द्र मिथुन में — शुभ: मेष, मिथुन, सिंह, कन्या, धनु, मकर
तारा बलचन्द्र आर्द्रा में, 5:27 pm तक — शुभ: अश्विनी, कृत्तिका, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, चित्रा, विशाखा, अनुराधा, मूल, उत्तराषाढ़ा, धनिष्ठा, पूर्वा भाद्रपद, उत्तरा भाद्रपद
चन्द्र पुनर्वसु में, 5:27 pm से — शुभ: भरणी, रोहिणी, आर्द्रा, पुष्य, आश्लेषा, पूर्वा फाल्गुनी, हस्त, स्वाती, अनुराधा, ज्येष्ठा, पूर्वाषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तरा भाद्रपद, रेवती
दिशा शूलपूर्व, उपाय दही
पक्षशुक्ल पक्ष
चान्द्र मासपौष
तमिल तिथिमार्गऴि 19, विश्वावसु
संवत्सरशक 1947 · विक्रम 2082