पंचांग के पाँच अंग
तिथिद्वादशी · 3:26 pm तक
त्रयोदशी · 1:07 pm (रवि) तक
नक्षत्ररेवती · 4:24 pm तक
अश्विनी · 2:45 pm (रवि) तक
योगसिद्धि · 1:00 pm तक
व्यतीपात · 9:59 am (रवि) तक
करणबालव · 3:26 pm तक
कौलव · 2:22 am (रवि) तक
तैतिल · 1:07 pm (रवि) तक
वारशनिवार
आज के सभी समय
ब्रह्म मुहूर्त5:01 am – 5:57 am
प्रातः सन्ध्या5:29 am – 6:53 am
गुलिक काल6:53 am – 8:08 am
दुर्मुहूर्त6:53 am – 7:33 am
दुर्मुहूर्त7:33 am – 8:13 am
राहु काल9:23 am – 10:38 am
अभिजित मुहूर्त11:33 am – 12:13 pm
यमगण्ड1:08 pm – 2:23 pm
विजय मुहूर्त1:33 pm – 2:13 pm
अमृत काल2:06 pm – 3:38 pm
विडाल योग4:24 pm – 6:54 am (रवि)
गोधूलि मुहूर्त4:53 pm – 5:21 pm
सायाह्न सन्ध्या4:53 pm – 6:17 pm
निशिता मुहूर्त11:25 pm – 12:21 am (रवि)
आज और
चन्द्राष्टमसिंह, 4:24 pm तक
कन्या
चन्द्र बलचन्द्र मीन में, 4:24 pm तक — शुभ: वृषभ, मिथुन, कन्या, तुला, मकर, मीन
चन्द्र मेष में, 4:24 pm से — शुभ: मेष, मिथुन, कर्क, तुला, वृश्चिक, कुम्भ
तारा बलचन्द्र रेवती में, 4:24 pm तक — शुभ: अश्विनी, भरणी, रोहिणी, आर्द्रा, पुष्य, मघा, पूर्वा फाल्गुनी, हस्त, स्वाती, अनुराधा, मूल, पूर्वाषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तरा भाद्रपद
चन्द्र अश्विनी में, 4:24 pm से — शुभ: भरणी, कृत्तिका, मृगशिरा, पुनर्वसु, आश्लेषा, पूर्वा फाल्गुनी, उत्तरा फाल्गुनी, चित्रा, विशाखा, ज्येष्ठा, पूर्वाषाढ़ा, उत्तराषाढ़ा, धनिष्ठा, पूर्वा भाद्रपद, रेवती
दिशा शूलपूर्व, उपाय दही
पक्षशुक्ल पक्ष
चान्द्र मासकार्तिक
तमिल तिथिकार्तिगै 6, पराभव
संवत्सरशक 1948 · विक्रम 2083