पंचांग के पाँच अंग
तिथिचतुर्दशी · 11:26 pm तक
पूर्णिमा · 9:11 pm (रवि) तक
नक्षत्रउत्तरा भाद्रपद · 8:02 am तक
रेवती · 6:52 am (रवि) तक
अश्विनी · 5:11 am (रवि) तक
योगहर्षण · 4:51 am (रवि) तक
वज्र · 1:46 am (रवि) तक
करणगर · 12:21 pm तक
वणिज · 11:26 pm तक
विष्टि · 10:22 am (रवि) तक
वारशनिवार
आज के सभी समय
ब्रह्म मुहूर्त5:52 am – 6:47 am
प्रातः सन्ध्या6:20 am – 7:41 am
गुलिक काल7:41 am – 8:59 am
दुर्मुहूर्त7:41 am – 8:23 am
विडाल योग7:41 am – 8:02 am
आडल योग8:02 am – 6:52 am (रवि)
दुर्मुहूर्त8:23 am – 9:04 am
राहु काल10:17 am – 11:35 am
अभिजित मुहूर्त12:32 pm – 1:13 pm
यमगण्ड2:11 pm – 3:28 pm
विजय मुहूर्त2:36 pm – 3:18 pm
गोधूलि मुहूर्त6:04 pm – 6:31 pm
सायाह्न सन्ध्या6:04 pm – 7:26 pm
वर्ज्य7:27 pm – 8:58 pm
भद्रा11:26 pm – 7:43 am (रवि)
निशिता मुहूर्त12:26 am – 1:21 am (रवि)
अमृत काल4:35 am – 6:06 am (रवि)
आज और
चन्द्राष्टमसिंह, 6:52 am (रवि) तक
कन्या
चन्द्र बलचन्द्र मीन में, 6:52 am (रवि) तक — शुभ: वृषभ, मिथुन, कन्या, तुला, मकर, मीन
चन्द्र मेष में, 6:52 am (रवि) से — शुभ: मेष, मिथुन, कर्क, तुला, वृश्चिक, कुम्भ
तारा बलचन्द्र उत्तरा भाद्रपद में, 8:02 am तक — शुभ: अश्विनी, कृत्तिका, मृगशिरा, पुनर्वसु, आश्लेषा, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, चित्रा, विशाखा, ज्येष्ठा, मूल, उत्तराषाढ़ा, धनिष्ठा, पूर्वा भाद्रपद, रेवती
चन्द्र रेवती में, 8:02 am से — शुभ: अश्विनी, भरणी, रोहिणी, आर्द्रा, पुष्य, मघा, पूर्वा फाल्गुनी, हस्त, स्वाती, अनुराधा, मूल, पूर्वाषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तरा भाद्रपद
चन्द्र अश्विनी में, 6:52 am (रवि) से — शुभ: भरणी, कृत्तिका, मृगशिरा, पुनर्वसु, आश्लेषा, पूर्वा फाल्गुनी, उत्तरा फाल्गुनी, चित्रा, विशाखा, ज्येष्ठा, पूर्वाषाढ़ा, उत्तराषाढ़ा, धनिष्ठा, पूर्वा भाद्रपद, रेवती
दिशा शूलपूर्व, उपाय दही
पक्षशुक्ल पक्ष
चान्द्र मासआश्विन
तमिल तिथिऐप्पसि 8, पराभव
संवत्सरशक 1948 · विक्रम 2083