पंचांग के पाँच अंग
तिथिअष्टमी · 4:35 pm तक
नवमी · 5:36 pm (बुध) तक
नक्षत्रधनिष्ठा · 3:04 pm तक
शतभिषा · 4:40 pm (बुध) तक
योगध्रुव · 6:35 pm तक
व्याघात · 6:12 pm (बुध) तक
करणबव · 4:35 pm तक
बालव · 5:12 am (बुध) तक
कौलव · 5:36 pm (बुध) तक
वारमंगलवार
आज के सभी समय
ब्रह्म मुहूर्त5:19 am – 6:18 am
प्रातः सन्ध्या5:49 am – 7:17 am
आडल योग7:17 am – 3:04 pm
दुर्मुहूर्त9:08 am – 9:45 am
यमगण्ड9:35 am – 10:45 am
अभिजित मुहूर्त11:35 am – 12:12 pm
गुलिक काल11:54 am – 1:03 pm
विजय मुहूर्त1:26 pm – 2:03 pm
राहु काल2:12 pm – 3:21 pm
विडाल योग3:04 pm – 7:19 am (बुध)
गोधूलि मुहूर्त4:30 pm – 5:00 pm
सायाह्न सन्ध्या4:30 pm – 5:59 pm
दुर्मुहूर्त10:25 pm – 11:25 pm
वर्ज्य10:45 pm – 12:27 am (बुध)
निशिता मुहूर्त11:25 pm – 12:24 am (बुध)
आज और
चन्द्राष्टमकर्क
चन्द्र बलचन्द्र कुम्भ में — शुभ: मेष, वृषभ, सिंह, कन्या, धनु, कुम्भ
तारा बलचन्द्र धनिष्ठा में, 3:04 pm तक — शुभ: भरणी, रोहिणी, आर्द्रा, पुनर्वसु, आश्लेषा, पूर्वा फाल्गुनी, हस्त, स्वाती, विशाखा, ज्येष्ठा, पूर्वाषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, पूर्वा भाद्रपद, रेवती
चन्द्र शतभिषा में, 3:04 pm से — शुभ: अश्विनी, कृत्तिका, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, चित्रा, विशाखा, अनुराधा, मूल, उत्तराषाढ़ा, धनिष्ठा, पूर्वा भाद्रपद, उत्तरा भाद्रपद
दिशा शूलउत्तर, उपाय दूध
पक्षशुक्ल पक्ष
चान्द्र मासकार्तिक
तमिल तिथिकार्तिगै 2, पराभव
संवत्सरशक 1948 · विक्रम 2083