पंचांग के पाँच अंग
तिथिद्वादशी · 4:58 pm तक
त्रयोदशी · 1:44 pm (शुक्र) तक
नक्षत्रपुनर्वसु · 11:35 pm तक
पुष्य · 9:05 pm (शुक्र) तक
योगआयुष्मान · 1:20 am (शुक्र) तक
सौभाग्य · 9:28 pm (शुक्र) तक
करणबालव · 4:58 pm तक
कौलव · 3:21 am (शुक्र) तक
तैतिल · 1:44 pm (शुक्र) तक
वारगुरुवार
आज के सभी समय
ब्रह्म मुहूर्त5:40 am – 6:28 am
प्रातः सन्ध्या6:04 am – 7:16 am
यमगण्ड7:16 am – 8:46 am
गुलिक काल10:17 am – 11:47 am
दुर्मुहूर्त11:17 am – 12:06 pm
वर्ज्य12:47 pm – 2:13 pm
अभिजित मुहूर्त12:54 pm – 1:42 pm
राहु काल2:49 pm – 4:19 pm
विजय मुहूर्त3:19 pm – 4:07 pm
दुर्मुहूर्त4:07 pm – 4:55 pm
गोधूलि मुहूर्त7:20 pm – 7:44 pm
सायाह्न सन्ध्या7:20 pm – 8:32 pm
अमृत काल9:26 pm – 10:52 pm
विडाल योग11:35 pm – 7:16 am (शुक्र)
निशिता मुहूर्त12:54 am – 1:42 am (शुक्र)
वर्ज्य6:45 am – 8:11 am (शुक्र)
आज और
चन्द्राष्टमवृश्चिक, 6:12 pm तक
धनु
चन्द्र बलचन्द्र मिथुन में, 6:12 pm तक — शुभ: मेष, मिथुन, सिंह, कन्या, धनु, मकर
चन्द्र कर्क में, 6:12 pm से — शुभ: वृषभ, कर्क, कन्या, तुला, मकर, कुम्भ
तारा बलचन्द्र पुनर्वसु में, 11:35 pm तक — शुभ: भरणी, रोहिणी, आर्द्रा, पुष्य, आश्लेषा, पूर्वा फाल्गुनी, हस्त, स्वाती, अनुराधा, ज्येष्ठा, पूर्वाषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तरा भाद्रपद, रेवती
चन्द्र पुष्य में, 11:35 pm से — शुभ: अश्विनी, कृत्तिका, मृगशिरा, पुनर्वसु, आश्लेषा, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, चित्रा, विशाखा, ज्येष्ठा, मूल, उत्तराषाढ़ा, धनिष्ठा, पूर्वा भाद्रपद, रेवती
दिशा शूलदक्षिण, उपाय तेल
पक्षशुक्ल पक्ष
चान्द्र मासमाघ
तमिल तिथिमासि 6, पराभव
संवत्सरशक 1948 · विक्रम 2083