पंचांग के पाँच अंग
तिथित्रयोदशी · 12:21 am (शुक्र) तक
चतुर्दशी · 2:28 am (शुक्र) तक
नक्षत्रस्वाती · 1:08 am (शुक्र) तक
विशाखा · 3:50 am (शुक्र) तक
योगवरीयान · 6:24 pm तक
परिघ · 7:05 pm (शुक्र) तक
करणकौलव · 11:22 am तक
तैतिल · 12:21 am (शुक्र) तक
गर · 1:23 pm (शुक्र) तक
वारगुरुवार
आज के सभी समय
ब्रह्म मुहूर्त4:30 am – 5:05 am
प्रातः सन्ध्या4:47 am – 5:41 am
यमगण्ड5:41 am – 7:34 am
गुलिक काल9:28 am – 11:21 am
दुर्मुहूर्त10:43 am – 11:44 am
अभिजित मुहूर्त12:44 pm – 1:45 pm
राहु काल3:08 pm – 5:02 pm
अमृत काल3:25 pm – 5:11 pm
विजय मुहूर्त3:46 pm – 4:47 pm
दुर्मुहूर्त4:47 pm – 5:47 pm
गोधूलि मुहूर्त8:49 pm – 9:06 pm
सायाह्न सन्ध्या8:49 pm – 9:42 pm
निशिता मुहूर्त12:57 am – 1:32 am (शुक्र)
विडाल योग1:08 am – 5:40 am (शुक्र)
आज और
चन्द्राष्टममीन
चन्द्र बलचन्द्र तुला में — शुभ: मेष, वृषभ, सिंह, तुला, धनु, मकर
तारा बलचन्द्र स्वाती में, 1:08 am (शुक्र) तक — शुभ: अश्विनी, कृत्तिका, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, चित्रा, विशाखा, अनुराधा, मूल, उत्तराषाढ़ा, धनिष्ठा, पूर्वा भाद्रपद, उत्तरा भाद्रपद
चन्द्र विशाखा में, 1:08 am (शुक्र) से — शुभ: भरणी, रोहिणी, आर्द्रा, पुष्य, आश्लेषा, पूर्वा फाल्गुनी, हस्त, स्वाती, अनुराधा, ज्येष्ठा, पूर्वाषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तरा भाद्रपद, रेवती
दिशा शूलदक्षिण, उपाय तेल
पक्षशुक्ल पक्ष
चान्द्र मासज्येष्ठ (அதிக/अधिक)
तमिल तिथिवैकासि 14, पराभव
संवत्सरशक 1948 · विक्रम 2083