पंचांग के पाँच अंग
तिथिद्वितीया · 6:41 pm तक
तृतीया · 3:26 pm (सोम) तक
नक्षत्रआर्द्रा · 2:08 am (सोम) तक
पुनर्वसु · 11:45 pm (सोम) तक
योगशूल · 8:25 am तक
गण्ड · 4:38 am (सोम) तक
वृद्धि · 12:58 am (सोम) तक
करणबालव · 8:20 am तक
कौलव · 6:41 pm तक
तैतिल · 5:02 am (सोम) तक
गर · 3:26 pm (सोम) तक
वाररविवार
आज के सभी समय
ब्रह्म मुहूर्त3:45 am – 4:26 am
प्रातः सन्ध्या4:05 am – 5:07 am
विडाल योग5:07 am – 2:08 am (सोम)
अभिजित मुहूर्त11:32 am – 12:27 pm
यमगण्ड11:59 am – 1:43 pm
वर्ज्य12:08 pm – 1:35 pm
विजय मुहूर्त2:17 pm – 3:12 pm
गुलिक काल3:26 pm – 5:09 pm
दुर्मुहूर्त5:02 pm – 5:57 pm
राहु काल5:09 pm – 6:52 pm
अमृत काल5:10 pm – 6:36 pm
गोधूलि मुहूर्त6:52 pm – 7:13 pm
सायाह्न सन्ध्या6:52 pm – 7:54 pm
निशिता मुहूर्त11:39 pm – 12:20 am (सोम)
आज और
चन्द्राष्टमवृश्चिक
चन्द्र बलचन्द्र मिथुन में — शुभ: मेष, मिथुन, सिंह, कन्या, धनु, मकर
तारा बलचन्द्र आर्द्रा में, 2:08 am (सोम) तक — शुभ: अश्विनी, कृत्तिका, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, चित्रा, विशाखा, अनुराधा, मूल, उत्तराषाढ़ा, धनिष्ठा, पूर्वा भाद्रपद, उत्तरा भाद्रपद
चन्द्र पुनर्वसु में, 2:08 am (सोम) से — शुभ: भरणी, रोहिणी, आर्द्रा, पुष्य, आश्लेषा, पूर्वा फाल्गुनी, हस्त, स्वाती, अनुराधा, ज्येष्ठा, पूर्वाषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तरा भाद्रपद, रेवती
दिशा शूलपश्चिम, उपाय गुड़
पक्षशुक्ल पक्ष
चान्द्र मासज्येष्ठ
तमिल तिथिवैकासि 23, प्लवंग
संवत्सरशक 1949 · विक्रम 2084