पंचांग के पाँच अंग
तिथिद्वितीया · 12:53 am (शुक्र) तक
तृतीया · 3:36 am (शुक्र) तक
नक्षत्रमूल · 1:28 pm तक
पूर्वाषाढ़ा · 4:34 pm (शुक्र) तक
योगगण्ड · 11:48 pm तक
वृद्धि · 12:46 am (शुक्र) तक
करणबालव · 11:33 am तक
कौलव · 12:53 am (शुक्र) तक
तैतिल · 2:14 pm (शुक्र) तक
वारगुरुवार
आज के सभी समय
ब्रह्म मुहूर्त5:40 am – 6:40 am
प्रातः सन्ध्या6:10 am – 7:40 am
यमगण्ड7:40 am – 8:47 am
आडल योग7:40 am – 1:28 pm
गुलिक काल9:55 am – 11:02 am
दुर्मुहूर्त10:40 am – 11:16 am
वर्ज्य11:40 am – 1:28 pm
अभिजित मुहूर्त11:52 am – 12:28 pm
राहु काल1:17 pm – 2:25 pm
विडाल योग1:28 pm – 7:41 am (शुक्र)
विजय मुहूर्त1:40 pm – 2:16 pm
दुर्मुहूर्त2:16 pm – 2:52 pm
गोधूलि मुहूर्त4:40 pm – 5:10 pm
सायाह्न सन्ध्या4:40 pm – 6:10 pm
निशिता मुहूर्त11:40 pm – 12:40 am (शुक्र)
वर्ज्य12:18 am – 2:07 am (शुक्र)
आज और
चन्द्राष्टमवृषभ
चन्द्र बलचन्द्र धनु में — शुभ: मिथुन, कर्क, तुला, धनु, कुम्भ, मीन
तारा बलचन्द्र मूल में, 1:28 pm तक — शुभ: भरणी, कृत्तिका, मृगशिरा, पुनर्वसु, आश्लेषा, पूर्वा फाल्गुनी, उत्तरा फाल्गुनी, चित्रा, विशाखा, ज्येष्ठा, पूर्वाषाढ़ा, उत्तराषाढ़ा, धनिष्ठा, पूर्वा भाद्रपद, रेवती
चन्द्र पूर्वाषाढ़ा में, 1:28 pm से — शुभ: अश्विनी, कृत्तिका, रोहिणी, आर्द्रा, पुष्य, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, स्वाती, अनुराधा, मूल, उत्तराषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तरा भाद्रपद
दिशा शूलदक्षिण, उपाय तेल
पक्षशुक्ल पक्ष
चान्द्र मासमार्गशीर्ष
तमिल तिथिकार्तिगै 25, पराभव
संवत्सरशक 1948 · विक्रम 2083