पंचांग के पाँच अंग
तिथितृतीया · 10:18 pm तक
चतुर्थी · 7:10 pm (शुक्र) तक
नक्षत्रआर्द्रा · 3:38 am (शुक्र) तक
पुनर्वसु · 1:20 am (शुक्र) तक
योगसाध्य · 4:14 pm तक
शुभ · 12:21 pm (शुक्र) तक
करणवणिज · 12:00 pm तक
विष्टि · 10:18 pm तक
बव · 8:41 am (शुक्र) तक
वारगुरुवार
आज के सभी समय
ब्रह्म मुहूर्त4:57 am – 5:55 am
प्रातः सन्ध्या5:26 am – 6:53 am
यमगण्ड6:53 am – 8:04 am
गुलिक काल9:15 am – 10:26 am
दुर्मुहूर्त10:02 am – 10:40 am
अभिजित मुहूर्त11:18 am – 11:56 am
भद्रा12:00 pm – 10:18 pm
राहु काल12:48 pm – 2:00 pm
विजय मुहूर्त1:12 pm – 1:50 pm
वर्ज्य1:45 pm – 3:11 pm
दुर्मुहूर्त1:50 pm – 2:28 pm
गोधूलि मुहूर्त4:22 pm – 4:51 pm
सायाह्न सन्ध्या4:22 pm – 5:49 pm
अमृत काल6:44 pm – 8:10 pm
निशिता मुहूर्त11:09 pm – 12:07 am (शुक्र)
आज और
चन्द्राष्टमवृश्चिक
चन्द्र बलचन्द्र मिथुन में — शुभ: मेष, मिथुन, सिंह, कन्या, धनु, मकर
तारा बलचन्द्र आर्द्रा में, 3:38 am (शुक्र) तक — शुभ: अश्विनी, कृत्तिका, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, चित्रा, विशाखा, अनुराधा, मूल, उत्तराषाढ़ा, धनिष्ठा, पूर्वा भाद्रपद, उत्तरा भाद्रपद
चन्द्र पुनर्वसु में, 3:38 am (शुक्र) से — शुभ: भरणी, रोहिणी, आर्द्रा, पुष्य, आश्लेषा, पूर्वा फाल्गुनी, हस्त, स्वाती, अनुराधा, ज्येष्ठा, पूर्वाषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तरा भाद्रपद, रेवती
दिशा शूलदक्षिण, उपाय तेल
पक्षकृष्ण पक्ष
चान्द्र मासमार्गशीर्ष
तमिल तिथिकार्तिगै 11, पराभव
संवत्सरशक 1948 · विक्रम 2083